बिहार में योगी जी की सभाओं से राजद नेताओं में खलबली

तेजस्वी, मीसा भारती समेत राजद और महागठबंधन के नेता योगी जी पर बिहार में आक्रामक हैं -बिहार में योगी जी की मौजूदगी पर सवाल कर रहे, उनकी राजनीति की आलोचना कर रहे इसका मतलब है कि योगी जी की सभाओं से बिहार में एनडीए के पक्ष में जो माहौल बन रहा उससे विपक्ष की परेशानी बढ़ गई है कास्ट पॉलिटिक्स, ईवीएम और बूथ पर मुस्लिम महिला मतदाताओं की पहचान को लेकर विपक्ष आक्रामक थी
योगी जी ने पहली दो सभाओं से ही ईवीएम और बूथ पर मुस्लिम महिला मतदाताओं की पहचान को लेकर खड़े विपक्षी नैरेटिव को बुर्का बनाम विकास, विरासत और विकास के मुद्दों से ध्वस्त कर दिया।
बिहार में विपक्ष के लिए जाति भी एक बड़ा मुद्दा था जो योगी जी की सभाओं से ध्वस्त हो रही विपक्ष इसलिए भी परेशान है क्योंकि लोकसभा चुनाव के बाद हरियाणा और महाराष्ट्र में नतीजों को लेकर विपक्ष आश्वस्त था तब योगी जी ने “बटेंगे तो कटेंगे” का नारा दिया, बाद में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी इसी लाइन पर “एक रहेंगे तो सेफ रहेंगे” का नारा दिया जिससे हरियाणा और महाराष्ट्र में भाजपा को उम्मीद से ज्यादा रिकॉर्डतोड़ सफलता मिली
बिहार में योगी की तैनाती मोदी जी का मास्टरस्ट्रोक – बिहार चुनाव के किए प्रधानमंत्री मोदी ने अपने तुरुप के पत्ते का इस्तेमाल किया है
योगी जी की सभाएं उन इलाकों में की जा रही हैं जहां एनडीए लगातार कमजोर रहा है
भाजपा ने अपनी सबसे कमजोर सीटों पर अपने सबसे मजबूत नेता को मोर्चे पर लगाया है
भाजपा की रणनीति है कि योगी जी सभाओं से जनता के बीच में दबाव बनाकर विपक्ष को उसके गढ़ में ही इंगेज कर दिया जाए
योगी जी की सभाओं ने समूचे बिहार में बहस ना सिर्फ नई बहस खड़ी की है बल्कि मोदी जी के मार्गदर्शन में SIR, EVM बूथ पर मतदाताओं की पहचान जैसे मुद्दों को भोथरा कर दिया है बिहार की राजनीति में हमेशा कास्ट पॉलिटिक्स हावी रही है, लेकिन योगी जी की वजह से कास्ट पॉलिटिक्स कमजोर हो रही और एनडीए के पक्ष में हिंदू मतों की एकजुटता बढ़ रही है जो निर्णायक साबित होने जा रहा। ना सिर्फ बिहार बल्कि कास्ट पॉलिटिक्स के खिलाफ समूचे देश में बिहार में योगी जी के दिए जा रहे भाषण चर्चा का विषय हैं योगी के असर का सबूत है कि जेडीयू और एनडीए में शामिल दूसरे दल और उनके आईटी सेल योगी आदित्यनाथ की सभाओं और उनके भाषणों के अंश को प्रचारित कर रहे। तमाम वाट्सएप ग्रुप और टेलीग्राम पर योगी जी के भाषण को प्रमुखता से प्रचारित किया जा रहा तेजस्वी यादव समेत तमाम विपक्षी नेता बिहार में प्रधानमंत्री मोदी के बाद अगर किसी भाजपा नेता को निशाने पर ले रहे तो वह योगी आदित्यनाथ हैं। बिहार में प्रधानमंत्री मोदी के बाद योगी आदित्यनाथ की चुनावी सभाओं की सबसे ज्यादा डिमांड है। बिहार में योगी जी की मौजूदगी का यह भी बड़ा सबूत है।



