द वेल्थ कंपनी म्यूचुअल फंड का बड़ा लक्ष्य: 2030 तक छोटे शहरों की म्यूच्यूअल फंड प्रवाह में हो एक-तिहाई हिस्सेदारी

पैंटोमैथ ग्रुप की कंपनी, द वेल्थ कंपनी म्यूचुअल फंड (वेल्थ कंपनी एसेट मैनेजमेंट होल्डिंग्स प्राइवेट लिमिटेड) ने आज एक दीर्घकालिक रणनीति की घोषणा की। इसके तहत कंपनी चाहती है कि 2030 तक 45% निवेशक छोटे शहरों (टियर 2 और टियर 3) से हों। इस तरह कंपनी पूरे भारत में लोगों को निवेश के ज़रिए धन सृजन में मदद करना चाहती है और भारत को विकसित बनाने के सपने को समर्थन देना चाहती है।
द वेल्थ कंपनी म्यूचुअल फंड, मज़बूत संस्थागत विरासत और एक विशिष्ट दृष्टिकोण के साथ ₹74.41 ट्रिलियन के म्यूचुअल फंड उद्योग में प्रवेश कर रही है। यह फर्म बॉटम-अप रिसर्च के सख्त मानदंडों को खुदरा निवेश की सरलता के साथ जोड़ेगी, जिससे भारत के बढ़ते खुदरा निवेशकों में संस्थागत अनुशासन आएगा।
वेल्थ कंपनी म्यूचुअल फंड की यह पहल उसके अल्टरनेट इनवेस्टमेंट फंड्स (एआईएफ), पोर्टफोलियो मैनेजमेंट सर्विसेज (पीएमएस), और बड़े संस्थानों के लिए निवेश सलाह जैसे जटिल निवेश उत्पादों के प्रबंधन जैसे उन्नत निवेश उत्पादों पिछले सफल अनुभवों पर आधारित है। इस पहल को पैंटोमैथ ग्रुप की ताकत का समर्थन प्राप्त है, जो भारत की सबसे तेज़ी से वृद्धि दर्ज कर रही वित्तीय सेवा कंपनियों में से एक है। पैंटोमैथ ग्रुप के पास 10,000 करोड़ रुपये की ग्राहक संपत्ति है, जिसका प्रबंधन चार उच्च प्रदर्शन वाले, थीम-आधारित एआईएफ के ज़रिये किया जाता है। ये फंड घरेलू उच्च निवल मूल्य वाले व्यक्तियों (एचएनआई) और वैश्विक निवेशकों की ज़रूरतों को पूरा करते हैं और इसमें व्यवस्थित इक्विटी रणनीति, गहन बाज़ार शोध, और सुशासन-प्रधान निष्पादन पर ध्यान दिया जाता है।
द वेल्थ कंपनी एसेट मैनेजमेंट होल्डिंग्स प्राइवेट लिमिटेड की संस्थापक, प्रबंध निदेशक और मुख्य कार्यकारी, सुश्री मधु लूनावत ने कहा, “द वेल्थ कंपनी म्यूचुअल फंड अनुशासित निवेश, शोध-आधारित रणनीति और भारत के वित्तीय परितंत्र की गहरी समझ की मज़बूत बुनियाद पर तैयार हुई है।”
सुश्री लूनावत ने कहा, “हम पूरे भारत में, खास तौर पर भारत के उन बाज़ारों में वित्तीय सशक्तिकरण को बढ़ावा देना चाहते हैं, जो अक्सर उपेक्षित रहते हैं। हमने एक महत्वाकांक्षी लेकिन संभव लक्ष्य रखा है और वह यह है कि 2030 तक हमारे 45% निवेशक टियर 2 और टियर 3 शहरों से हों। यह सिर्फ आंकड़ा नहीं है, बल्कि यह समावेशी निवेश के प्रति हमारी प्रतिबद्धता और विकसित भारत के एजेंडे को आगे बढ़ाने में हमारी भूमिका को दर्शाता है।
वेल्थ कंपनी म्यूचुअल फंड ने एक उच्च क्षमता वाली नेतृत्व टीम भी पेश की, जिसमें श्री प्रसन्न पाठक (उप मुख्य कार्यकारी-डिप्टी सीईओ), सुश्री अपर्णा शंकर (मुख्य कार्यकारी – सीआईओ- इक्विटी), श्री उमेश शर्मा (सीआईओ – डेट), और श्री देबाशीष मोहंती (मुख्य रणनीति अधिकारी) और श्री भालचंद्र जोशी (मुख्य परिचालन अधिकारी-सीओओ) शामिल हैं। इनमें से हरेक के पास यूटीआई, एसबीआई एमएफ, फ्रैंकलिन टेम्पलटन, 360 वन और निप्पॉन लाइफ जैसे प्रमुख संस्थानों में दशकों तक काम करने का का अनुभव है।
कंपनी डिजिटल रूप से सक्षम, देशव्यापी म्यूचुअल फंड डिस्ट्रीब्यूटर (एमएफडी) नेटवर्क बना रही है, जिसमें मजबूत क्षेत्रीय समर्थन और वितरक विकास शामिल है। इसमें मूडीज जैसे वैश्विक भागीदारों के साथ मिलकर क्षमता निर्माण कार्यक्रम का आयोजन भी शामिल होगा।



