इंडियामार्ट की पहली सीमेंट रिपोर्ट

राष्ट्रीय कंक्रीट दिवस (7 सितंबर) के अवसर पर इंडियामार्ट, भारत के सबसे बड़े बिजनेस-टू-बिजनेस (B2B) मार्केटप्लेस, ने सीमेंट पर एक उद्योग रिपोर्ट – “सीमेंटिंग ग्रोथ: सीमेंट उद्योग पर एक भारतीय परिप्रेक्ष्य” जारी की है। यह रिपोर्ट इंडियामार्ट पर सीमेंट क्षेत्र में काम करने वाले खरीदारों और व्यापारियों के बीच हुई व्यावसायिक वार्ताओं पर आधारित है और सीमेंट क्षेत्र में प्रमुख रुझानों को दर्शाती है|
आज, सीमेंट उद्योग भारत के आठ प्रमुख उद्योगों में से एक है, जिसकी मैन्युफैक्चरिंग क्षमता 583 टन है और वार्षिक तौर पर 391 मिलियन टन सीमेंट का उत्पादन होता है। इस उद्योग ने FY 23 में 6.8% की वार्षिक वृद्धि दर हासिल की और FY 25 में 8% की दर से बढ़ने का अनुमान है। इसी के साथ, FY 25-28 के दौरान सीमेंट उत्पादन में 150-160 मिलियन टन की वृद्धि होने का भी अनुमान है। भारत की अर्थव्यवस्था पर सीमेंट उद्योग समग्र प्रभाव डालता है, इसकी पुष्टि 4.16x की तेजी से हो रहे गुणक प्रभाव और 1.53x के अनुसार जीडीपी ग्रोथ से करी जा सकती है। हर एक मिलियन टन सीमेंट उत्पादन के विरुद्ध कम से कम 20,000 डाउनस्ट्रीम रोजगार के अवसर पैदा होते हैं, जो देश के विकास में सीमेंट की भूमिका को दर्शाता है। इंडियामार्ट पर, इस समय 8% पेड विक्रेता सीमेंट और कंस्ट्रक्शन में व्यवसाय करते हैं। पिछले पाँच वर्षों (2019-23) में, प्लेटफ़ॉर्म को सीमेंट के संबंध में 15.5 मिलियन पूछताछ प्राप्त हुईं हैं, जिनमें उत्तर प्रदेश (16%), महाराष्ट्र (9%), बिहार (8%), तमिलनाडु (7%), राजस्थान (7%), कर्नाटक (7%), पश्चिम बंगाल (6%), मध्य प्रदेश (5%), तेलंगाना (5%) और आंध्र प्रदेश (4%) जैसे शीर्ष दस राज्य शामिल हैं।
ग्रामीण और शहरी आवास में बढ़ती मांग के कारण सीमेंट भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए विकास का एक मुख्य क्षेत्र है। इसके अलावा, अवसंरचनाओं के विकास, आवास और परिवहन अवसंरचनाओं में निवेश करने की सरकार की पहल से इस क्षेत्र को काफी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। इस रिपोर्ट से इस क्षेत्र के खरीदारों और आपूर्तिकर्ताओं को दिलचस्प रुझानों का लाभ उठाने और अपने लिए विकास की यात्रा की रूपरेखा तैयार करने में मदद मिलेगी।



